Ziyarat E Nahiya In Hindi Jun 2026

ज़ियारत-ए-नाहिया की शुरुआत 10वीं शताब्दी में हुई थी, जब शिया मुसलमानों ने इमाम हुसैन के मकबरे पर जाकर तीर्थयात्रा करना शुरू किया था। यह यात्रा कर्बला, इराक में स्थित है और शिया मुसलमानों के लिए बहुत पवित्र मानी जाती है। ज़ियारत-ए-नाहिया के दौरान, श्रद्धालु इमाम हुसैन के मकबरे पर जाकर प्रार्थना करते हैं और उनके शहीदी की याद में शोक मनाते हैं।

यह ज़ियारत कर्बला की घटनाओं का सबसे विस्तृत और हृदयविदारक वर्णन पेश करती है :

مصائبِ کربلا کا واسطہ دے کر مانگی جانے والی دعائیں کبھی رد نہیں ہوتیں۔ مشکل ترین وقت میں اس زیارت کا ختم بہت مجرب مانا جاتا ہے۔ ziyarat e nahiya in hindi

इस लेख का उद्देश्य केवल जानकारी देना है और यह किसी धार्मिक फतवे या आधिकारिक टिप्पणी का स्थान नहीं लेता।

"Falan dabhoka atshana..." "پس انہوں نے آپ کو پیاسا ذبح کیا۔ آپ کو خاک پر تڑپتا ہوا چھوڑ دیا۔ آپ کے خیموں کو لوٹا گیا اور اہل بیتؑ کو قیدی بنایا گیا۔" امامِ زمانہؑ فرماتے ہیں: ziyarat e nahiya in hindi

4. इमाम महदी (अ.स.) का विलाप

زیارت ناحیہ (Ziyarat e Nahiya) امام حسین علیہ السلام اور کربلا کے دیگر شہداء پر پڑھی جانے والی ایک انتہائی اہم اور دل ہلا دینے والی زیارت ہے۔ یہ زیارت خود امامِ زمانہ عجل اللہ تعالی فرجہ الشریف (امام مہدیؑ) سے منسوب ہے، جس میں انہوں نے واقعہ کربلا کے مصائب، امام حسینؑ کی مظلومیت اور ان کے اصحاب کی قربانیوں کو نہایت ہی دردناک الفاظ میں بیان کیا ہے۔ ziyarat e nahiya in hindi

हिन्दी भाषी मोमीनिन के लिए यहाँ ज़ियारत के कुछ महत्वपूर्ण हिस्सों का भावार्थ दिया जा रहा है:

'नाहिया' शब्द 'नौहा' (शोक गीत) से बना है, जिसका अर्थ है रोने और शोक मनाने वाला। चूँकि इस ज़ियारत के दौरान इमाम हुसैन (अ.स.) के मसीबतों का वर्णन करते हुए रोया जाता है, इसलिए इसे ज़ियारत-ए-नाहिया कहा जाता है।

यदि आप इस ज़ियारत के किसी विशिष्ट भाग का या शब्द-दर-शब्द अर्थ जानना चाहते हैं, तो कृपया मुझे बताएं ताकि मैं आपकी सहायता कर सकूं। Share public link